मिथुन का स्वामी बुध है — द्विस्वभाव वायु-तत्व: जिज्ञासु, संवादी और बहुमुखी। जातक हाज़िरजवाब, मिलनसार और बौद्धिक रूप से चंचल होते हैं — शब्दों के धनी, हर स्थिति में ढल जाने वाले; एक साथ कई रुचियाँ साधते हैं और विविधता-संवाद पर पनपते हैं।
मिथुन का स्वामी बुध है — द्विस्वभाव वायु-तत्व: जिज्ञासु, संवादी और बहुमुखी। जातक हाज़िरजवाब, मिलनसार और बौद्धिक रूप से चंचल होते हैं — शब्दों के धनी, हर स्थिति में ढल जाने वाले; एक साथ कई रुचियाँ साधते हैं और विविधता-संवाद पर पनपते हैं।
लेखन-पत्रकारिता, मीडिया व संचार, बिक्री-विपणन, शिक्षण, व्यापार व IT — बुद्धि, बहुमुखता और वाक्-कौशल के क्षेत्र।
प्रेम में चंचल-संवादी — मानसिक उत्तेजना और स्वतंत्रता चाहिए; कभी अस्थिर लग सकते हैं। वायु व अग्नि राशियों — तुला, कुंभ, मेष, सिंह — से गहरा जुड़ाव।
हाज़िरजवाबी और अनुकूलनशीलता; संवाद-कौशल; जिज्ञासा और बुद्धि।
बेचैनी और अस्थिरता; अनिर्णय; बिखरा ध्यान।
मिथुन राशि का स्वामी बुध है। इसका प्रतीक Twins है।
मिथुन का सामान्यतः सर्वोत्तम मेल तुला, कुंभ, मेष, सिंह से रहता है।
शुभ रंग: Green; शुभ अंक: 5; शुभ दिन: Wednesday; रत्न: Emerald (Panna) (स्वामी बुध से)।
वैदिक ज्योतिष में राशि चंद्रमा से देखी जाती है — जन्म के समय चंद्र जिस राशि में हो, वही जन्म राशि है। यह पाश्चात्य सूर्य-राशि से भिन्न है और निरयन (sidereal) गणना से निकलती है।